भैरव आरती | Bhairav Aarti
जय भैरव देवा प्रभु जय भैरव देवाा।जय काली और गौरा कृतसेवा ॥ तुम पापी उद्धारक दुख सिन्धु तारका।भक्तों के सुखकारक […]
भैरव आरती | Bhairav Aarti Read Post »
जय भैरव देवा प्रभु जय भैरव देवाा।जय काली और गौरा कृतसेवा ॥ तुम पापी उद्धारक दुख सिन्धु तारका।भक्तों के सुखकारक […]
भैरव आरती | Bhairav Aarti Read Post »
॥ दोहा ॥ जयकाली कलिमलहरण, महिमा अगम अपार ।महिष मर्दिनी कालिका , देहु अभय अपार ॥ ॥ चौपाई ॥ रि
काली माता जी चालीसा | Kali Mata Ji Chalisa Read Post »
||दोहा|| नीलवरण मा कालिका रहती सदा प्रचंड ।दस हाथो मई ससत्रा धार देती दुस्त को दांड्ड़ ।।मधु केटभ संहार कर
चामुण्डा माता जी चालीसा | Chamunda Mata Ji Chalisa Read Post »